पिलखुवा: हापुड़ जिले के पिलखुवा नगर कोतवाली इलाके में सरस्वती मेडिकल कॉलेज के निकटवर्ती जंगल क्षेत्र से प्राप्त एक युवक के अवशेषों ने पुलिस को सतर्क कर दिया है। साहिबाबाद पुलिस ने इस रहस्यमयी मामले का जल्द से जल्द उद्घाटन करने का आश्वासन दिया है। प्रारंभिक जांच के दौरान यह संकेत मिले हैं कि प्रेम संबंधों में बाधा बनने के कारण ही योगेश नामक युवक की निर्मम हत्या की गई। अधिकारियों का मानना है कि इस घटना में मृतक के किसी नजदीकी व्यक्ति का हाथ हो सकता है, जिससे गहन पूछताछ चल रही है। हालांकि, शव परीक्षण रिपोर्ट में मृत्यु का सटीक कारण अभी तक स्पष्ट नहीं हो पाया है।
बुधवार की सुबह डायल 112 पर एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा जंगल में मानव अवशेष पड़े होने की सूचना प्राप्त हुई। तत्काल पिलखुवा पुलिस बल और फॉरेंसिक विशेषज्ञों की टीम घटनास्थल पर पहुंची तथा विस्तृत जांच आरंभ की। लंबी खोजबीन के बावजूद कंकाल की खोपड़ी का कोई सुराग नहीं मिला, लेकिन आसपास कुछ दूरी पर मृतक के कपड़े बिखरे पड़े पाए गए। आगे की पड़ताल से खुलासा हुआ कि यह अवशेष साहिबाबाद के लिंकरोड थाना क्षेत्र के निवासी योगेश के हैं, जो लंबे समय से लापता चल रहे थे। उनकी पत्नी ने 2 अक्टूबर को ही स्थानीय थाने में गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई थी। लिंकरोड पुलिस ने कपड़ों की सहायता से शिनाख्त की प्रक्रिया पूरी की।
पुलिस स्रोतों के अनुसार, अब तक की तहकीकात में कई महत्वपूर्ण सुराग हासिल हो चुके हैं। विशेषज्ञों की राय में, प्रेम प्रसंग में बाधक बनने के फलस्वरूप ही इस हत्या को अंजाम दिया गया। संदेह का केंद्र बिंदु मृतक के परिवार के किसी सदस्य पर केंद्रित है, और इसी दिशा में पूछताछ तेज हो गई है। कोतवाल प्रभारी निरीक्षक पटनीश कुमार ने बताया कि शव पूरी तरह से कंकाल के रूप में परिवर्तित हो चुका था, जिसके चलते मृत्यु का कारण निर्धारित करना चुनौतीपूर्ण सिद्ध हो रहा है। साहिबाबाद पुलिस को इस केस से संबंधित समस्त विवरण उपलब्ध कराए जा रहे हैं, ताकि जांच को और मजबूत बनाया जा सके।
यह घटना क्षेत्र में सनसनी फैला रही है, और पुलिस प्रेम संबंधों से प्रेरित अपराधों पर नजर रखने की योजना बना रही है। पिलखुवा कंकाल मिलने की घटना ने स्थानीय निवासियों में भय का माहौल पैदा कर दिया है।
