उत्तर प्रदेश : आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे पर तेज रफ्तार के कारण समाजवादी पार्टी (सपा) के 36 वाहनों पर चालान किया गया है। इनमें पार्टी अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के काफिले की 9 गाड़ियां और उनकी पत्नी, मैनपुरी की सांसद डिंपल यादव के काफिले की 9 गाड़ियां भी शामिल हैं। इस कार्रवाई के तहत सपा को कुल 8,47,050 रुपये का जुर्माना भरना होगा।
सूत्रों के अनुसार, जिन वाहनों पर कार्रवाई हुई, उनमें लग्जरी गाड़ियां जैसे मर्सडीज बीपी, रेंज रोवर, लैंड क्रूजर, डिफेंडर, आईसुजु, इनोवा क्रिस्टा और फॉर्च्यूनर शामिल हैं। प्रत्येक वाहन पर जुर्माना राशि 500 रुपये से लेकर 80,500 रुपये तक है। यह कार्रवाई एक्सप्रेसवे पर ओवरस्पीडिंग के उल्लंघन के तहत की गई है।
उ0प्र0 के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव का बयान
शुक्रवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में अखिलेश यादव ने इस कार्रवाई की जानकारी साझा की। उन्होंने आरोप लगाया कि आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे के प्रबंधन में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के लोग शामिल हैं, जिनके इशारे पर यह कार्रवाई की गई है। अखिलेश ने कहा, “यह राजनीतिक साजिश का हिस्सा है, लेकिन हम इसका जवाब समय पर देंगे।” उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि पार्टी कार्यालय को चालान की राशि जमा करने के निर्देश दे दिए गए हैं।
सपा की प्रतिक्रिया
सपा के वरिष्ठ नेताओं का कहना है कि यह कार्रवाई पार्टी को बदनाम करने की कोशिश है। हालांकि, उन्होंने कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए जुर्माना भरने का फैसला किया है। पार्टी सूत्रों ने बताया कि इस मामले को लेकर सपा जल्द ही रणनीति बनाएगी और उचित कदम उठाएगी।
यह घटना उत्तर प्रदेश की राजनीति में नया मोड़ ला सकती है, क्योंकि सपा इसे राजनीतिक प्रतिशोध के रूप में देख रही है। आगामी दिनों में इस मामले पर और चर्चा होने की संभावना है।
